
फ्रीलांस जर्नलिस्ट मनदीप पूनिया को आज दिल्ली के एक कोर्ट में पेश किया गया. इसके बाद उन्हें तिहाड़ जेल भेज दिया गया. पूनिया को दिल्ली पुलिस ने 30 जनवरी की शाम सिंघु बॉर्डर से हिरासत में लिया, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया. पूनिया पर ऑन ड्यूटी स्टेशन हाउस ऑफिसर से दुर्व्यवहार करने का आरोप है. पूनिया पर आईपीसी की धारा 186, 332, 353 के तहत मामला दर्ज किया गया है. इससे पहले पुनिया के साथ-साथ दूसरे पत्रकार धर्मेंद्र सिंह को भी हिरासत में लिया था लेकिन पुलिस ने धर्मेंद्र को आज सुबह करीब 5.30 बजे छोड़ दिया जबकि पुनिया के खिलाफ आरोप दर्ज कर लिया. दिल्ली पुलिस के अतिरिक्त आयुक्त ने इसकी पुष्टि की है.
पुलिस सूत्रों के मुताबिक धर्मेंद्र सिंह से एक अंडरटेकिंग ली गई है कि वो पुलिस के साथ भविष्य में अभद्रता नहीं करेंगे. पुलिस ने दोनों पत्रकारों को कल उस वक्त हिरासत में ले लिया था जब दोनों सिंघू बार्डर पर खबर की कवरेज कर रहे थे. उस वक्त दोनों पत्रकार बंद सड़क और बैरिकेड की ओर आगे बढ़ रहे थे.
पुनिया को हिरासत में लेने का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें दिख रहा है कि बड़ी संख्या में पुलिस के जवान उसे घेरे हुए हैं और कहां लेकर जा रहे हैं. हिरासत में लिए जाने से कुछ घंटे पहले पुनिया ने सिंघु बॉर्डर पर हुई हिंसा के संबंध में फेसबुक पर एक लाइव वीडियो शेयर किया था. इसमें उन्होंने कहा था कैसे खुद को स्थानीय होने का दावा करने वाली भीड़ ने आंदोलनस्थल पर पुलिस की मौजूदगी में पथराव किया था.