
बीते दिनों राजधानी दिल्ली के जीटीबी अस्पताल से फिल्मी स्टाइल में अपने साथियों की मदद से भागने वाला कुख्यात गैंगस्टर कुलदीप उर्फ फज्जा मारा गया. दिल्ली के रोहिणी इलाके में पुलिस ने उसका एनकाउंटर किया. इस दौरान बदमाश कुलदीप और पुलिस की तरफ से कई राउंड फायरिंग हुई. पुलिस ने पहले फज्जा को रुकने का इशारा किया था लेकिन उसने पुलिस पर ही गोलियां दाग दीं. इसके बाद पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की जिसमें वह ढेर हो गया. मुठभेड़ में दिल्ली पुलिस के अफसर बाल-बाल बच गए. कुछ पुलिसकर्मियं को बुलेटप्रूफ जैकेट में गोली लगी है.
दिल्ली के गुरु तेग बहादुर (जीटीबी) अस्पताल में 25 मार्च को जब कुलदीप फज्जा को दिल्ली पुलिस की थर्ड बैटेलियन इलाज के लिए अस्पताल लेकर आई थी, तभी घात लगाए बदमाशों ने फायरिंग कर कुलदीप फज्जा को पुलिस कस्टडी से भगा लिया था. इस दौरान दो बदमाशों को गोली लगी थी, जिसमें से एक की मौत हो गई थी, जबकि बाकी बदमाश कुलदीप को भगाकर ले गए थे.
कुलदीप फज्जा कुख्यात बदमाश था, जो गोगी गैंग का सदस्य था. पुलिस को खबर लगी थी कि दिल्ली के रोहिणी सेक्टर-14 के तुलसी अपार्टमेंट की एक फ्लैट में कुलदीप फज्जा छुपा हुआ है. इसी अपार्टमेंट में पुलिस की कुलदीप के साथ मुठभेड़ हुई. इस ऑपरेशन में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 2 लोगों को मौके से पकड़ा भी है, जो फज्जा को छिपाने में मदद कर रहे थे.
दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल को जानकारी मिली थी कि कुलदीप तुलसी अपार्टमेंट के D-9 फ्लैट में छिपा है, तभी स्पेशल सेल की टीम पहुंची. पुलिस ने पहले पूरे अपार्टमेंट को घेर लिया और जैसे ही फज्जा को सरेंडर करने को कहा, उसने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी. पुलिस ने जवाबी फायरिंग की. दोनों तरफ से कई राउंड गोलियां चलीं, जिसमें फज्जा इसी फ्लैट के कमरे में मारा गया.