यह लक्षण हो तो ओमिक्रॉन वैरिएंट है खतरा, वैज्ञानिकों ने किया सावधान

दो साल के लंबे अंतराल के बाद जब दुनिया यह सोच कर राहत की सांस ले रही थी कि अब धीरे धीरे वह महामारी  से उबर रहे हैं तब, पहली बार अफ्रीका के दक्षिणी सिरे से खबर आई थी कि कोरोना ने अपने नए वेरिएंट  के साथ फिर से मुंह उठाना शुरू कर दिया है. इस नए वेरिएंट को ओमिक्रॉन  नाम दिया गया है, जिसे डेल्टा  से ज्यादा संक्रामक बताया जा रहा है. अफ्रीका से खबर मिलने के डेढ़ महीने बीत जाने के बाद अब ओमिक्रान 90 देशों में अपना असर दिखा चुका है. ऐसे में सरकारों के अलावा वैज्ञानिक भी इस वायरस से निपटने के तरीके ढूंढ़ रहे हैं। वैज्ञानिक समय के साथ कोविड रोधी वैक्सीन की ताकत बढ़ाने के लिए काम कर रहे हैं। ओमीक्रॉन के लक्षणों को लेकर भी वैज्ञानिक चेतावनी दे रहे हैं। दरअसल ओमीक्रॉन रोगियों की जांच करने वाले वैज्ञानिकों ने बताया है कि दक्षिण अफ्रीका में अध्ययन किए गए ओमीक्रॉन रोगियों में एक सामान्य लक्षण मिला है: गले में खराश का होना। वैसे तो गले में खराश का होना एक सर्दी में एक आम बात है लेकिन इन हालातों में आप इस लक्षण को नजरअंदाज नहीं कर सकते।

ओमीक्रॉन के सर्दी जैसे लक्षण?
दक्षिण अफ्रीका स्थित डिस्कवरी हेल्थ के सीईओ डॉ रयान नोच ने एक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान बताया कि डॉक्टरों ने ओमीक्रोन से पीड़ित रोगियों में लक्षणों के कुछ अलग सेट को नोट किया है, सबसे आम शुरुआती संकेत में गले में खराश और नाक का बंद हो जाना शामिल है। यूके में भी रोगियों में इन लक्षणों की पुष्टि हुई है। इन रोगियों में सिरदर्द और थकान सहित चार लक्षण मौजूद थे जिसमें सभी के गले में खराश थी। यूके में 3 दिसंबर से 10 दिसंबर के बीच मामलों की जांच से पता चला है कि ‘मुख्य रूप से’ सर्दी जैसे लक्षण ओमीक्रॉन के सबसे सामान्य लक्षण थे।

डेल्टा और ओमीक्रॉन में कैसे लक्षण दिखाई देते हैं?
ZOE सिमटम्स ट्रैकिंग स्टडी में बताए गए लक्षणों में नाक बहना, सिरदर्द, थकान (हल्की या गंभीर), छींकना और गले में खराश होना शामिल है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने ओमीक्रॉन पर अपनी लेटेस्ट तकनीकी ब्रीफिंग में कहा कि इस बात के लगातार सबूत हैं कि पुराने वेरिएंट डेल्टा की तुलना में ओमीक्रॉन अधिक तेजी से फैल रहा है। ओमीक्रॉन सामुदायिक प्रसारण वाले देशों में डेल्टा वैरिएंट की तुलना में काफी तेजी से फैल रहा है। यह वायरस 1.53 दिनों के बीच दोगुना हो रहा है। जहां ओमीक्रॉन में सर्दी जैसे लक्षण दिखाई देते हैं, वहीं डेल्टा के रोगियों में बुखार, लगातार खांसी, थकान, गंध और स्वाद की कमी और कुछ में जठरांत्र संबंधी समस्याएं होती हैं।

यूके में ZOE कोविड स्टडी के प्रमुख वैज्ञानिक प्रोफेसर टिम स्पेक्टर ने कहा, “जैसा कि हमारे नवीनतम डेटा से पता चलता है, ओमीक्रॉन के लक्षण मुख्य रूप से ठंड के लक्षण, बहती नाक, सिरदर्द, गले में खराश और छींक हैं, इसलिए लोगों को घर पर रहना चाहिए क्योंकि यह कोविड हो सकता है।”

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