
सिंधिया समर्थकों के कारण नाराजगी है, ऐसा मैं नहीं मानता लेकिन स्वाभाविक है कि 20-22 लोग उनके साथ में आए। उनको टिकट दिया। वो चुनाव लड़े। चुनाव जीतकर आए। वहां पर बरसों से हमारे दावेदार थे। उनको ऐसा लगता है कि इनके कारण हमारा भविष्य नहीं। लेकिन आने वाले समय में पार्टी विचार करेगी की वहां से वीनिंग कैंडिडेट कौन है। जिताऊ उम्मीदवार हमारी प्राथमिकता रहेगी।”
ये कहना है भाजपा के वरिष्ठ नेता कृष्णमुरारी मोघे का। रविवार को जाल सभागृह में भारतीय जनता पार्टी की नगर कार्य समिति की बैठक के मौके पर उन्होंने मीडिया से चर्चा के दौरान ये बात कही। उन्होंने पार्टी के भंवरसिंह शेखावत की नाराजगी को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि भंवर सिंह कोई नाराज नहीं है। वो मुख्यमंत्री से मिले। मैं समझता हूं कि उनके मन में कोई बात थी, वो मुख्यमंत्री से हुई और उसके बाद में आप देख रहे होंगे कि उनकी भाषा बदल गई। बड़ी पार्टी है। उसमें कुछ समस्या आती है। उसका निराकरण करते हैं।
वहीं कार्यकर्ताओं की उपेक्षा के सवाल पर उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में अगर भारतीय जनता पार्टी के काम को देखें तो ये निश्चित है कि पिछले पंद्रह बीस सालों में जो मध्यप्रदेश का विकास हुआ है वो अपने आप में एक मिसाल है। मगर जैसा प्रदेश का विकास हुआ है, उसी स्तर के ऊपर जो कार्यकर्ताओं की मनोदशा, कार्यकर्ताओं की मानसिकता बढ़ाई जाना थी।
मैं समझता हूं कि उस प्रयास में कुछ कमी रही है, जिसको मानने में मुझे कोई संकोच नहीं है। मगर अभी समय है इसलिए कार्यकर्ता की मानसिकता ठीक हो, चुनाव जीतने की मानसिकता बने। उस दृष्टि से भी कार्य योजना बना रहे हैं और उसके ऊपर काम प्रारंभ भी हुआ है। मैं समझता हूं कि आने वाले समय में ये जो चर्चा है, इस चर्चा को हम विराम दे देंगे। ऐसा पूरा विश्वास है।
उन्होंने बताया कि नगर कार्यसमिति की बैठक हुई है। इसके तीन दिन के अंदर मंडल कार्यसमिति की बैठक होगी। मोदीजी के कार्यकाल को 9 साल पूरे हो रहे हैं। इन वर्षों में उनकी जो उपलब्धियां है। उसको जनता के बीच में ले जाना है। उसकी कार्ययोजना जो बनाई गई है। वो मुद्दा भी नगर कार्यसमिति में है। चुनाव की दृष्टि से भी कार्यक्रम पार्टी ने लिए है, जिसमें बूथ स्तर पर बैठक आयोजित करना आदि शामिल है। अन्य मुद्दें भी कार्यसमिति में हैं।