उज्जैन में एक धमकी भरे फोन ने एसडीएम की नींद उड़ा दी। उन्होंने बड़नगर थाने में मामला दर्ज कराया, जिसमें पीडब्ल्यूडी की महिला एसडीओ पर आरोप लगाए हैं। एसडीएम ने पुलिस को बताया कि फोन करने वाले ने खुद को एसडीओ का मामा बताते हुए देख लेने की धमकी दी है।

बड़नगर एसडीएम धीरेंद्र पराशर ने पुलिस को बताया कि उन्होंने सावन सवारी के दौरान पीडब्ल्यूडी की एसडीओ साक्षी तंतवाय को बैरिकेडिंग की व्यवस्था करने को कहा था, लेकिन उन्होंने मना कर दिया। पराशर ने इसकी शिकायत कलेक्टर से की थी।
एसडीओ साक्षी का कहना है कि किसी तरह की धमकी नहीं दिलवाई। मेरे संज्ञान में ये मामला आया तो मैं भी थाने गई थी।

कॉलर ने खुद को भोपाल से होना बताया
धीरेंद्र पराशर ने पुलिस को बताया कि 27 अगस्त (बुधवार) को शाम 04.30 बजे के आसपास एक अनजान व्यक्ति ने मेरे मोबाइल कॉल किया। उसने स्वयं को भोपाल का बताते हुए अभद्रता के साथ कॉल किया। फोन करने वाले व्यक्ति ने एसडीओ साक्षी को उसकी भांजी बताया। साथ ही कलेक्टर को दिए जांच प्रतिवेदन को वापस लेने की बात कहते हुए अभद्रता कर देख लेने की धमकी दी। यह भी धमकी दी गई कि कलेक्टर ने कोई कार्रवाई की तो उसके परिणाम भुगतने होंगे।

शांति समिति की बैठक में भी किया था इनकार एसडीएम धीरेंद्र पराशर ने कहा कि एसडीओ साक्षी तंतवाय से बड़नगर थाना प्रभारी ने 11 अगस्त को निकलने वाले सवारी में बैरिकेडिंग की व्यवस्था करने का आग्रह किया था, लेकिन उन्होंने ये कहकर मना कर दिया की ये काम मेरा नहीं है। इसके बाद शांति समिति की बैठक में भी एसडीओ ने सबके सामने काम करने से मना किया। इसके बाद उज्जैन कलेक्टर को शिकायत हुई तो उन्होंने जांच प्रतिवेदन देने की बात कही थी।
पुलिस मामले की जांच में जुटी टीआई अशोक पाटीदार ने बताया कि कल एसडीएम धीरेंद्र पराशर की ओर से एक लिखित शिकायत प्राप्त हुई थी। पुलिस ने नंबर ट्रेस किया तो इंदौर का निकला। पुलिस कॉल करने वाले का पता लगा रही है।