ग्वालियर में एक युवक ने फांसी लगाकर जान दे दी। यह घटना कलेक्ट्रेट के पास स्थित आई कार्वी टाइल्स शॉप की है, जहां युवक नौकरी करता था। युवक ने सुसाइड नोट छोड़ा है, जिसमें उसने अपनी मौत के लिए किसी को जिम्मेदार नहीं ठहराया है।
युवक की मौत के बाद परिजनों ने चक्काजाम किया।
सुसाइड नोट में उसने अपनी मां से माफी मांगते हुए लिखा है, “सॉरी मम्मी, मैं आपका अच्छा बेटा नहीं बन पाया। लेकिन मेरे दोनों भाई आपके लिए काफी हैं, वे आपका ख्याल रखेंगे। मैं भगवान के पास जा रहा हूं। दीदी, यार सॉरी, मैं इस दुनिया को समझ नहीं पाया। बहन, तू स्ट्रॉन्ग बनी रहना, मैं ऊपर से सब देखूंगा।”
आगे उसने लिखा- “अमर भाई और अतुल भाई, मेरी अंतिम यात्रा में मुझे कंधा देने आना। लव यू भैया। टेंशन मत लेना, मैं ऊपर लूडो की प्रैक्टिस कर लूंगा।”
20 दिन पहले हुई मारपीट से था आहत
मृतक की पहचान शहर के थाटीपुर स्थित कुम्हरपुरा निवासी विशाल सिंह पुत्र भूपेन्द्र सिंह जादौन (25) के रूप में हुई है। वह विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र अंतर्गत कलेक्ट्रेट के पास आई कार्वी टाइल्स शॉप में देखरेख का काम करता था। मंगलवार दोपहर उसने दुकान के अंदर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
घटना का पता उस समय चला जब अन्य कर्मचारियों ने विशाल को फांसी के फंदे पर लटका देखा। इसके बाद पुलिस और परिजनों को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस और परिजन मौके पर पहुंचे और शव को निगरानी में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए पीएम हाउस भिजवाया गया।

परिजनों ने किया चक्काजाम
पोस्टमॉर्टम के बाद परिजन विशाल का शव लेकर अलकापुरी तिराहे पहुंचे और चक्काजाम कर दिया। परिजनों का आरोप है कि करीब 20 दिन पहले तोमर बिल्डिंग के कुछ लोगों ने विशाल के साथ मारपीट की थी, जिससे वह मानसिक रूप से आहत था। डर के कारण उस समय एफआईआर दर्ज नहीं कराई गई।

पुलिस ने मर्ग कायम कर शुरू की जांच
पुलिस को मिले सुसाइड नोट में विशाल ने लिखा है कि वह अपना फर्ज निभा नहीं पाया और अब वह अपने पिता के पास जा रहा है। उसने यह भी लिखा कि वह ऊपर जाकर लूडो की प्रैक्टिस करेगा और ऊपर से सबको देखेगा। साथ ही उसने अपने दोनों भाइयों से मां का ध्यान रखने की अपील की है।
इस मामले में विश्वविद्यालय थाना प्रभारी रविंद्र कुमार जाटव ने बताया कि युवक द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने का मामला सामने आया है। मर्ग कायम कर लिया गया है। मृतक के परिजनों द्वारा चक्काजाम कर मारपीट के मामले और दुकान संचालक को बुलाने की मांग की गई थी।
उन्हें निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया गया है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।