इंदौर में 2 करोड़ का ‘जेना एआई’ फायर फाइटिंग रोबोट तैनात: जहां इंसान नहीं पहुंच सकता वहां बुझाता है आग, 500°C तापमान में 8-10 घंटे करता है काम

इंदौर में 2 करोड़ रुपए का फायर फाइटिंग रोबोट है, जो आग बुझाने का काम करता है। ये रोबोट रिमोर्ट ऑपरेटेट है। खास बात यह है कि इसमें कैमरा भी लगा है, जिससे वह किस दिशा में जा रहा है, आगे क्या है, यह मॉनिटर पर साफ देखा जा सकता है।

यह उस जगह आग बुझाने में मदद करता है, जहां एक व्यक्ति या कहे कि दमकलकर्मी का खड़े रहना भी मुश्किल हो जाता है। पिछले करीब एक महीने पहले ही यह इंदौर नगर निगम के पास आया है। यह कई जगह इस्तेमाल भी हो चुका है और आग बुझाने में काफी कारगर भी साबित हुआ है।

रिमोर्ट ऑपरेटेट है रोबोट

फायर फाइटिंग रोबोट की बात करें तो ये पूरी तरह से रिमोर्ट ऑपरेटेट है। रोबोट में दो बड़ी बैटरियां लगी हैं, जिससे यह चलता है। यह एक टैंक की तरह है, जो पथरीले रास्तों से भी आसानी से निकल जाता है।जिस तरह एक ड्रोन कैमरे के रिमोर्ट में एक छोटी डिस्प्ले लगी होती है, उसे तरह इसके रिमोर्ट में भी एक डिस्प्ले लगी होती है, जो लाइव चीजे डिस्प्ले पर दिखाता है। इस रोबोट की मदद से जिससे आगे क्या कुछ घट रहा है या चल रहा है वह रिमोर्ट के डिस्प्ले में नजर आता है।

इस रोबोट के आने के बाद फायर विभाग के नगर निगमकर्मियों को इसे चलाने की ट्रेनिंग भी दी गई, जिससे ये इसे आसानी से ऑपरेट कर सके।जयपुर स्थित भारतीय रोबोटिक्स कंपनी क्लब फर्स्ट रोबोटिक्स प्रा.लि. द्वारा विकसित अत्याधुनिक जेना एआई फायर फाइटिंग रोबोट इंदौर में तैनात किया गया है। जेना एआई आधारित फायर फाइटिंग रोबोट्स में से एक है।यह एक अनमैन्ड ग्राउंट व्हीकल आधारित रोबोटिक सिस्टम है, जो आधुनिक एआई, ऑब्जेक्ट डिटेक्शन और उन्नत सेंसर टेक्नीक से लैस है। जेना रोबोट को विशेष रूप से ऐसे खतरनाक वातावरण के लिए डिजाइन किया गया है जहां व्यक्ति फायर फाइटर्स के लिए जाना अत्यधिक जोखिम भरा होता है।

इस तरह पाइप से कनेक्ट कर पानी डाला जाता है।

ये है खासियत

  • लगभग 1.5 किमी की दूरी से रिमोट ऑपरेशन।
  • 500 डिग्री सेल्सियस के उच्च तापमान में काम करने की क्षमता।
  • एआई आधारित ऑब्जेक्ट डिटेक्शन और स्मार्ट फायर फाइटिंग सिस्टम।
  • उन्नत थर्मल इमेजिंग कैमरा, जो घने धुएं के अंदर भी गर्मी के स्त्रोत और संभावित कैजुअल्टी की पहचान कर सकता है।
  • मजबूत क्रॉलर ट्रैक सिस्टम, जिससे यह रोबोट सीढ़ियां और मलबे वाली सतहों पर भी आसानी से चल सकता है।
  • हाई प्रेशर वाटर और फोम मॉनिटर, जो लंबी दूरी से प्रभावी रूप से आग बुझा सकता है।
  • लगभग 500 किलो तक भारी लोड उठाने या हटाने की क्षमता है।

पथरीले रास्तों पर भी आसानी से चल सकता है फायर फाइटिंग रोबोट।

यह रोबोट विशेष रूप से निम्न प्रकार की परिस्थितियों में अत्यंत प्रभावी साबित हो सकता है। इनमें तेल न गैस संयंत्रों में आग, केमिल और पेट्रोकेमिकल उद्योगों में आग, बड़े गोदाम एवं लॉजिस्टिक हब, बिजली संयंत्र एवं ट्रांसफॉर्मर फायर, भारी औद्योगिक दुर्घटनाएं और विस्फोटक वातावरण। बताया जा रहा है कि इसमें कूलिंग सिस्टम लगा हुआ है, जिसकी वजह से ये गर्म जगह भी आसानी से काम कर पाता है।एक चार्ज में करीब 8 से 10 घंटे काम कर सकता है। ये गाड़ियों के ऊपर निर्भर करता है कि टैंकरों में कितना प्रेशर है। गाड़ियों में सबसे ज्यादा साढ़े 7 से 8 केजी प्रेशर पर भी चला सकते है।

कई जगह हो चुका है इस्तेमाल

इस फायर फाइटिंग रोबोट का इस्तेमाल इंदौर में कई जगह आग लगने की घटनाओं में किया जा चुका है। शनिवार सुबह नावदा पंथ इलाके में प्लास्टिक फैक्ट्री में लगी आग में इसका इस्तेमाल किया गया। इसके पहले परदेशीपुरा इलाके में लगी आग में, सिटी फॉरेस्ट में इसके अलावा पीथमपुर में लगी बड़ी आग में भी इसका इस्तेमाल किया जा चुका है।

खराब रास्तों पर भी आसानी से मूवमेंट करता है फायर फाइटिंग रोबोट।

जहां व्यक्ति नहीं खड़ा हो सकता वहां आता है काम

नगर निगम कमिश्नर क्षितिज सिंघल ने बताया कि ये रोबोट जो हमारे फायर टैंकर है उसने कनेक्ट हो जाता है। हाई टेम्प्रेचर में भी ये काम करता है। क्योंकि आग के दौरान हाई टेम्प्रेचर में फायर फाइटरकर्मियों के लिए एक जगह रुककर काम करना काफी मुश्किल हो जाता है, वह हाई टेम्प्रेचर में आगे भी नहीं जा पाता है, लेकिन ये रोबोटे काफी देर तक एक जगह रुककर पानी डाल सकता है और हाई टेम्प्रेचर में आगे भी जा सकता है।

पाइप से कनेक्टेट होने के कारण वह अंदर तक जाकर आग बुझा सकता है। नावदा पंथ इलाके में प्लास्टिक फैक्ट्री में लगी आग में रोबोट ने काफी मदद की है। उन्होंने बताया कि ये फायर फाइटिंग रोबोट करीब एक महीने पहले ही आया है, इसे चलाने की ट्रेनिंग भी हम करा चुके हैं, इसकी कुल कीमत 2 करोड़ रुपए है, इसमें कुछ साल का मेटनेंस व अन्य चीजें शामिल हैं

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *