
कोरोना वायरस का कहर दुनिया भर में एक बार फिर से बढ़ता हुआ नजर आ रहा है. कई देशों में कोविड-19 के केस तेजी से बढ़ रहे हैं. भारत में भी कोरोना वायरस की तीसरी लहर आने की चेतावनी दी गई है. लेकिन कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच एक डराने वाली खबर सामने आई है. अमेरिका में कोविड-19 का सबसे खतरनाक वैरिएंट मिला है. इसका नाम R.1 वैरिएंट है. इस नए वेरिएंट के मरीज भले ही अभी काफी कम हों लेकिन इसका खतरा अब दुनियाभर के देशों में बढ़ गया है.
दुनियाभर में कोरोना संक्रमण को डेढ़ साल से अधिक का समय बीत चुका है. कोरोना की चपेट में आने से अब तक लाखों लोगों की मौत हो चुकी है. कोरोना की दूसरी लहर के दौरान भारत में काफी तबाही मची थी और अब एक बार फिर कोरोना के नए वेरिएंट ने दुनियाभर के देशों की धकड़ने तेज कर दी हैं. कोरोनावायरस पर अध्ययन कर रही विशेषज्ञों की टीम ने अब एक नए और बेहद खतरनाक वेरिएंट के बारे में लोगों को आगाह किया है. शोधकर्ताओं ने पिछले दिनों अमेरिका में कोरोना के एक नए वेरिएंट R.1 की पहचान की है.
विशेषज्ञों ने कहा है कि भले ही कोरोना के इस नए वेरिएंट के मामले काफी कम हैं, लेकिन इससे बचकर रहने की जरूरत है. विशेषज्ञों के मुताबिक जिस तरह से इस वेरिएंट की प्रकृति देखने को मिली है, उसके आधार पर हम सकते हैं कि यह काफी संक्रामक हो सकता है.
क्या है कोरोना का नया वेरिएंट R.1
विशेषज्ञों ने जो रिपोर्ट जारी की है उसके मुताबिक कोरोना का नया वेरिएंट R.1 कोई नया वेरिएंट नहीं है. पिछले साल जापान में इस वेरिएंट का पता चला था. अब ये वेरिएंट अन्य देशों में भी दस्तक दे रहा है. अब तक संयुक्त राज्य अमेरिका सहित लगभग 35 देशों में इस संक्रमण से जुड़े मरीज सामने आ चुके हैं. रिपोर्ट के मुताबिक दुनियाभर में 10,000 से अधिक लोग इस वेरिएंट के शिकार हो चुके हैं.