
कोविड-19 की पहली लहर के दौरान सोशल मीडिया पर अक्सर साल 2020 को कोसा जाता था. महामारी से खिन्नता के कारण 2021 के स्वागत के दौरान भी 2020 को लेकर कई ट्विटर ट्रेंड हुए थे. लेकिन अब एक्सपर्ट्स का कहना है कि इस साल कोविड-19 महामारी कहीं ज्यादा घातक साबित हो सकती है. भारत अभी जिस तरह कोरोना की दूसरी लहर में फंसा है उसे देखकर इसका अंदाजा भी किया जाता है. भारत के साथ ही अब जापान भी महामारी की जबरदस्त चपेट में आ गया है और देश में इमरजेंसी लागू कर दी गई है.विश्व स्वास्थ्य संगठन ने शुक्रवार को कहा कि कोरोना महामारी का दूसरा साल और पहले से भी ज्यादा जानलेवा साबित होने जा रहा है। इसके अलावा अमीर देशों से अपील की गई है कि वे अभी बच्चों को टीका ना लगाएं, बल्कि गरीब देशों को टीका दें। बता दें, कानाडा और अमेरिका ने हाल ही में 12 से 15 वर्ष तक के बच्चों के टीकाकरण को मंजूरी दी है।
WHO के महानिदेशक ट्रेडोस अदनोम ने कहा, ”महामारी का दूसरा साल पहले साल की तुलना में अधिक जानलेवा होने जा रहा है।” शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने अमीर देशों से बच्चों का टीकाकरण टालने की भी अपील की। उन्होंने कहा, ”मैं समझ सकता हूं कि क्यों कुछ देश बच्चों और किशोरों का टीकाकरण करना चाहते हैं, लेकिन अभी मैं उनसे अपील करता हूं कि इस पर दोबारा विचार करें और इसके बदले Covax प्रोग्राम के लिए वैक्सीन दान करें।”
India के हाल पर जताई चिंता:-भारत इस समय कोरोना महामारी की दूसरी लहर का सामना कर रहा है. यहां जितनी तेजी से कोरोना संक्रमण के रफ्तार पकड़ी है उसने पूरी दुनिया को हिला दिया है. WHO प्रमुख ने भारत के हाल पर बोलते हुए कहा कि भारत की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है, अस्पताल में भर्ती होने वालों की संख्या और मौतों बढ़ रही हैं. हम सभी साझेदारों को धन्यवाद देते हैं जो इस मुश्किल दौर में भारत की मदद कर रहे हैं.