हिंडन नदी की बाढ़ से नोएडा में डूबी ओला कंपनी की 350 कारें-देखे VIDEO

दिल्ली के बाद अब गाजियाबाद में बाढ़ का कहर देखा जा रहा है. यमुना और गंगा नदी के बाद अब हिंडन नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता जा रहा है. इस वजह से गाजियाबाद, नोएडा और ग्रेटर नोएडा के कई इलाकों में बाढ़ का पानी घुस गया है. इस बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है. इसमें ग्रेटर नोएडा के एक खुले मैदान में हिंडन नदी का पानी घुस आने के कारण करीब 350 कारें डूबी हुई दिख रही हैं.

वीडियो ग्रेटर नोएडा के इकोटेक-3 के पास का है. खुले मैदान में खड़ी सफेद कारों की कतार दिखाई दे रही हैं. हर जगह बाढ़ का पानी है. कारों की छतों से कुछ ही इंच की दूरी पर पानी भरा हुआ है.

बताया जा रहा है कि यह ओला कैब कंपनी का यार्ड था. यहां इंश्योरेंस से खींची हुई गाड़ियों को लाकर खड़ा किया जाता था. यहां पर करीब 400 गाड़ियां खड़ी थी. हिंडन का जलस्तर बढ़ने के बाद इस यार्ड में पानी पहुंच गया और यह 350 गाड़ियां उस पानी में डूब गईं.

हिंडन नदी यमुना की सहायक नदी है. हिंडन का जल स्तर बढ़ने के कारण निचले इलाकों से कई लोगों को रेस्क्यू करके सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है. ग्रेटर नोएडा के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में नोएडा सेक्टर 63 का इकोटेक और छिजारसी इलाका शामिल हैं.

इस बीच नोएडा और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के अन्य हिस्सों में मंगलवार को तड़के हल्की से मध्यम बारिश हुई. दोपहर तक यमुना नदी खतरे के निशान 205.33 मीटर से थोड़ा ऊपर बह रही थी. दोपहर के समय यमुना का जल स्तर 205.4 मीटर रिकॉर्ड किया गया.

आईएमडी ने महाराष्ट्र, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के लिए अलर्ट जारी किया है. मौसम पूर्वानुमानकर्ता ने कहा कि सौराष्ट्र-कच्छ क्षेत्र, मध्य महाराष्ट्र, गोवा और तटीय कर्नाटक में भारी से बहुत भारी बारिश जारी है. ANI की रिपोर्ट में कहा गया है कि गुजरात में बाढ़ की स्थिति में सुधार होने की संभावना है, क्योंकि पिछले 24 घंटों में राज्य में बारिश कम हो गई है.

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के वैज्ञानिक आरके जेनामणि के हवाले से कहा, “हमारे पास दिल्ली के लिए कोई महत्वपूर्ण बारिश की चेतावनी नहीं है, लेकिन हम उच्च नमी और उच्च तापमान की उम्मीद कर सकते हैं. दिल्ली में भी हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है.”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *