ग्वालियर के महाराजपुरा थाना पुलिस पर मुरैना में हमला हो गया। हमलावरों ने टीम के साथ मारपीट की। एक सिपाही के पैर में गोली मार दी। टीम किसी तरह जान बचाकर भागी। घायल सिपाही को पहले मुरैना जिला अस्पताल ले जाया गया। यहां प्राथमिक उपचार के बाद ग्वालियर के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है
बदमाशों ने एक सिपाही को गोली मार दी। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है
गौरतलब ये है कि ग्वालियर पुलिस ने दबिश देने से पहले स्थानीय पुलिस को सूचना तक नहीं दी थी।
महाराजपुरा थाना पुलिस बुधवार को हत्या के प्रयास के आरोपी को पकड़ने मुरैना के जनकपुर गांव पहुंची थी। यहां जैसे ही आरोपी हद्दू गुर्जर को पकड़कर गाड़ी में बैठाने की कोशिश की, उसके साथियों ने हमला कर दिया। वे हद्दू को छुड़ा ले गए।
मामले में ग्वालियर एसएसपी धर्मवीर सिंह ने मुरैना एसपी समीर सौरभ से फोन पर चर्चा की है।

बदमाश पर दर्ज है हत्या के प्रयास का केस दरअसल, बीती 2 नवंबर की देर रात मुरैना के करगवां गांव निवासी रनवीर सिंह गुर्जर ने ग्वालियर के महाराजपुरा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। इसमें बताया था कि रात करीब 8 बजे उसके साले सतेन्द्र ने फोन किया कि विरासत होटल के पास आ जाओ। जब रनवीर सिंह वहां पहुंचा तो उसका भतीजा श्याम गुर्जर खून से लथपथ मिला था।
श्याम ने रनवीर को बताया कि हद्दू गुर्जर, भूरा गुर्जर, अरविंद गुर्जर, अजीत गुर्जर और उनके साथियों ने पुरानी रंजिश पर उसके साथ मारपीट की है। हत्या के इरादे से उसे उठाकर जमीन पर पटक दिया। फिर हद्दू ने भारी पत्थर उठाकर सिर पर दे मारा।
गंभीर हालत में श्यामू को अस्पताल में भर्ती कराया गया था

सिविल ड्रेस में थी पुलिस की टीम महाराजपुरा पुलिस मामले की जांच में जुटी थी। बुधवार को पांच पुलिसकर्मियों की टीम हद्दू गुर्जर को पकड़ने उसके गांव जनकपुर पहुंची थी। सिविल ड्रेस पहने पुलिसकर्मियों ने हद्दू को पकड़ा और कार में बैठाने लगे। इसी दौरान शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर इकट्ठा हो गए। इनमें से कुछ लोगों ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया।
मुरैना एसपी समीर सौरभ का कहना है-