इंडिगो केबिन क्रू ने बेबाक अंदाज़ में खोला 35,000 फीट की ऊंचाई पर नौकरी का कड़वा सच: न छुट्टी, न सही खाना-पीना, न आराम, वायरल वीडियो”

गुंजन एयरलाइन की यूनिफार्म में दिखाई दे रही हैं और स्क्रीन पर लिखा है: केबिन क्रू की ज़िंदगी की वो हक़ीक़त जो लोग इंस्टाग्राम पर पोस्ट नहीं करते. उन्होंने वीडियो के साथ एक कैप्शन भी लिखा जिसमें इस नौकरी से जुड़ी दस सच्चाइयां बताई गई हैं.

इंडिगो केबिन क्रू मेंबर ने शेयर की अपने पेशे की कड़वी सच्चाई, पोस्ट हो रहा वायरल

इंडिगो के एक केबिन क्रू (Indigo Cabin Crew) मेंबर ने एक वीडियो शेयर किया है. वीडियो में महिला ने 35,000 फीट की ऊंचाई पर काम करने के अपने अनुभव और चुनौतियों के बारे में ईमानदारी से बताया है. गुंजन बर्मन ने  में अपने पेशे को लेकर बेबाक राय रखी है. उसकी ईमानदारी और सच्चाई से भरे पोस्ट ने लोगों का दिल जीत लिया है.

अपनी पोस्ट में, गुंजन एयरलाइन की यूनिफार्म में दिखाई दे रही हैं और स्क्रीन पर लिखा है: “केबिन क्रू की ज़िंदगी की वो हक़ीक़त जो लोग इंस्टाग्राम पर पोस्ट नहीं करते.” उन्होंने वीडियो के साथ एक कैप्शन भी लिखा जिसमें इस नौकरी से जुड़ी दस सच्चाइयां बताई गई हैं.

बरमन ने अपनी पोस्ट के कैप्शन में इन दस सच्चाइयों को गिनाते हुए कहा, “ये रही हमारी नौकरी की हक़ीक़त, इन 10 सच्चाइयों में.”

हम एक ही फ्लाइट में 200 से ज़्यादा लोगों को संभालते हैं – और फिर भी हमें मुस्कुराना पड़ता है.हम दिन में 4 फ़्लाइट करते हैं – और अगर कोई फ्लाइट डायवर्ट हो जाती है, तो यह दिन में 5 फ्लाइट हो जाती है.खाना और पानी पीना तभी होता है जब समय मिलता है – कभी-कभी 6 घंटे बाद.हमारा खाने का शेड्यूल बहुत अव्यवस्थित है – रात का खाना सुबह 3 बजे, नाश्ता दोपहर 2 बजे.ठहराव हमेशा आकर्षक नहीं होता – अक्सर यह सिर्फ़ होटल-सोना-हवाई अड्डा होता है।छुट्टियों की कोई गारंटी नहीं – जन्मदिन, सालगिरह और त्यौहार अक्सर आसमान में रहते हुए ही होते हैं.हमेशा स्टैंडबाय पर – आपको सुबह 2 बजे या दोपहर 2 बजे बुलाया जा सकता है और कुछ ही घंटों में रिपोर्ट करने के लिए तैयार रहना होगा.रोस्टर आखिरी समय में बदल जाते हैं – इसलिए “योजनाएं” असल में एक जुआ हैं.मेडिकल लीव “सिर्फ़ एक कॉल” नहीं है – सत्यापन, कागजी कार्रवाई और कभी-कभी बेस चेक-अप की भी उम्मीद करें.हम इन सबके बीच मुस्कुराते रहते हैं – तब भी जब हमारा शरीर आराम के लिए चीख रहा हो.

यूजर्स ने किया सलाम

उनकी ईमानदारी ने कई सोशल मीडिया यूज़र्स को प्रभावित किया. एक यूज़र ने लिखा, “इतना सब होने के बाद भी मैं केबिन क्रू बनना चाहती हूं. अगर आप दिल से काम कर रहे हैं, तो कुछ भी बुरा नहीं लगता.” जबकि एक अन्य ने लिखा, “और फिर भी आसमान के वो हीरो हमेशा चमकते रहते हैं.” कई लोगों के लिए, यह वीडियो ये याद दिलाने वाला था कि उड़ानों में दिखाई देने वाली चमकदार मुस्कान उसके पीछे की परेशानियों को छिपा पर चेहरे पर तैरती दिखती है.

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