
इंदौर में एक महिला प्रोफेसर ने अपने पति और सास पर प्रताड़ना का केस दर्ज करवाया है। द्वारकापुरी पुलिस ने निजी कॉलेज की महिला प्रोफेसर की शिकायत पर पति अर्पण जैन और सास कुसुम जैन पर गंभीर धाराओं पर केस दर्ज किया है।
द्वारकापुरी पुलिस के मुताबिक गुमाश्ता नगर निवासी शिखा जैन (38) ने बताया कि साल 2010 में अर्पण जैन से परिवार की मर्जी से उसकी शादी हुई। शादी के बाद 2017 तक ससुराल गिरधर नगर में सभी के साथ रही। शादी के बाद दो बेटे हुए। इनकी उम्र 12 साल और 6 साल है। लेकिन कुछ दिनों बाद ही ससुराल के लोगों का व्यवहार बदल गया। सास कुसुम जैन पति से पिटवाती थी। कहती थी तभी मायके से रुपए लेकर आएगी। इसके बाद पति और सास मुझे शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने लगे।
महिला प्रोफेसर ने पुलिस को बताया कि परेशान होकर मैं किराये का घर लेकर अलग रहने लगी। यहां भी सास के कहने पर पति ने प्रताड़ित किया। महिला प्रोफेसर की तबीयत बिगड़ने लगी तो उसके एक बेटे ने पिता के द्वारा पीने और खाने की चीजों में दवाई मिलाने की बात कही। इसके बाद महिला प्रोफेसर ने स्पाय कैमरे लगाए तो पति की हरकतों का खुलासा हुआ। बाद में थाने जाकर पति-सास दोनों के खिलाफ प्रताड़ना सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कराया।
दूसरी महिला से बातचीत की मिली कॉल डिटेल्स
महिला प्रोफेसर ने शिकायत में बताया कि साल 2017 में दूसरे बेटे के जन्म के बाद पति मुझे रामचंद्र नगर स्थित दूसरे घर में रखने लगे। पति का व्यवहार यहां भी बदलने लगा। 2017 के आखिर में पति के व्यवहार बदलने के कारण को जानने की कोशिश की तो पति के मोबाइल में अंजना मेहता नाम की महिला से बात करने की रिकार्डिंग और कॉल डिटेल मिली।
मेरे माता-पिता और परिवार के अन्य लोगों ने पति और अंजना मेहता को समझाया। पति ने अंजना की बात सार्वजनिक करने के नाम पर मारपीट की। खर्च देना बंद कर दिया। जिसके बाद 2018 की शुरुआत में मल्हारगंज थाने पर इसकी शिकायत की। थाने पर समझौता हो गया और दोनों साथ रहने लगे।
खर्च के लिए रुपए नहीं दिए तो प्राइवेट जॉब शुरु की
कुछ दिनों बाद पति अर्पण जैन ने खर्च को लेकर रूपए देने बंद कर दिया। पैसों की तंगी के चलते मैंने 2019 मैंने निजी कॉलेज में पढ़ाना शुरू कर दिया। पति की मारपीट की वजह से मकान मालिक घर खाली करवा देते थे। जिसके चलते चार जगह घर बदलने पड़े। जून 2023 में पति दोनों बच्चों के साथ गुमाश्ता नगर किराए के मकान में लेकर आ गए।
यहां कुछ समय सब ठीक रहा। लेकिन थोड़े समय बाद मेरी तबीयत बिगड़ने लगी। खाने-पीने की चीजों का स्वाद बदला सा आने लगा। जिस बॉटल में कॉलेज पानी लेकर जाती तो उसका टेस्ट चेंज आता। कई बार उसमें बदबू आती। एक दिन बड़े बेटे ने बताया कि जब मैं बाथरुम जाती हूं तो पति अर्पण पानी की बोतल में कोई दवाई मिलाते हैं।
इसके बाद भाई की मदद से किचन और कमरे में स्पाय कैमरे लगवाए। 2 जुलाई से 7 जुलाई तक रिकार्डिंग हुई। कैमरों की मदद से पता लगा कि पति खाने-पीने की चीजों में छेड़छाड़ कर रहा है। जो पानी की बॉटल कॉलेज ले जाती उसे पति रूम में ले जाते और रखते दिखाई दे दिए। जिसके बाद कैमरे की रिकार्डिंग पेन ड्राइव और सीडी के साथ थाने आकर शिकायत की।
इस पूरी घटना के बाद पीड़िता पिछले 8 दिन से पति को छोड़ बच्चों के साथ अपने मायके में रहने आ गई।