एंकर – इंदौर की एमआईजी पुलिस पर सुरक्षा को लेकर बड़ा सवाल खड़ा हो रहा है कि 27 साल से बिना पासपोर्ट का विदेशी नागरिक शहर में छिपकर रह रहा था, पुलिस और मकान मालिक की लापरवाही उजागर होकर सामने आई है ।


वीओ – दरअसल एमआईजी थाना क्षेत्र के शिव शक्ति नगर में रहने वाले मकान मालिक शेखर कुशवाह ने किराए के लालच में जिस व्यक्ति को वर्षों पहले ठहराया था, वह केनिया का रिचर्ड एस. मायका निकला। हैरानी की बात यह है

कि इस विदेशी नागरिक के पास ना तो पासपोर्ट है और ना ही वीजा की वैधता। जांच में सामने आया कि रिचर्ड का वीजा वर्ष 1998 में ही समाप्त हो चुका था,
लेकिन इसके बाद भी वह इंदौर में आराम से रह रहा था। यह सिर्फ मकान मालिक की गैर जिम्मेदारी नहीं, बल्कि एमआईजी पुलिस की खामोशी और खुफिया विभाग की निष्क्रियता का भी बड़ा प्रमाण उजागर होता है। वही पुलिस अब किरयेदार को आरोपी बनाकर वाह वाही लूट तो लेगी मगर केन्याई नागरिक रिचर्ड 27 सालों से एमआईजी थाना क्षेत्र रह रहा है

पुलिस का खुफिया तंत्र पूरी तरह से नाकाम साबित हो रहा है वही दो दिन पहले रेसीडेंसी इलाके से नारकोटिक्स विंग ने 15 लाख रुपये की कोकीन के साथ

अफ्रीकन युवती लिंडा ओडियो कोटे को पकड़ा था जो कि जाली पासपोर्ट से भारत आई थी बहरहाल फर्जी तरह से विदेशी नागरिकों का भारत आना सोचने का विषय है ।
बाइट – राजेश दंडोतिया , पुलिस प्रवक्ता