
! श्रीदत्त !
मंगल इष्ट या अनिष्टकारक हैं यह तय करने के कई नियम-उपनियम हैं ! सिर्फ़ १ ४ ७ ८ १२ इन भावों में मंगल संस्थित होने से मंगल दोष नहीं होता ! इस बारे में विस्तृत विवरण के लिए यह वीडियों देखियें और ज्योतिष से संबंधित “तथ्य और मिथ्या” जानने के लिए यूट्यूब चैनल https://www.youtube.com/c/AstroAbhivyakti कीजिये……..नीलानारायण !!!!!
इदं दत्तं न मम
आनंद आनंद आनंद
श्री गुरुदेव दत्त