
*कैलाश विजयवर्गीय ने भरी हुंकार….बोले मध्यप्रदेश में ऐसा कोई अधिकारी पैदा नहीं हुआ जो में फोन करू और काम नही हो…मेरा टिकिट होते ही अधिकारियों की नीद उड़ गई*
*चिंता मत करना काम होगा विकास होगा और कार्यकर्ता का सम्मान होगा….10-12 सालो से इंदौर से बाहर था इसीलिए कोई हस्तक्षेप नहीं करता था… लेकिन अब इंदौर वापस आ गया हू…..यकीन मानो विधानसभा एक के कार्यकर्ता को मान सम्मान मिलेगा….जब भी आप किसी काम से सरकारी ऑफिस में जाओगे तो अधिकारी आपको सम्मान देगा*
*विधानसभा एक में नही पूरे इंदौर में नशा बेचने वालो को ठिकाने लगा दूंगा*