
रिटायर्ड डीएसपी के भतीजे अमन का कहना है कि ठग ने 3 लाख रु. और मांगे। शक होने पर बड़े भाई को कॉल कर पूछा, तब ठगी का पता लगा।
ग्वालियर में रिटायर्ड डीएसपी के भाई से साइबर क्रिमिनल्स ने 80 हजार रुपए ठग लिए। 13 जुलाई को उन्हें वॉट्सएप कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को सिंगरौली का टीआई बताते हुए कहा, ‘आपका बेटा गैंगरेप में फंस गया है। चार लोगों ने गैंगरेप किया है। लड़की की हालत नाजुक है। बेटे को पकड़कर थाने ले जा रहे हैं।’
रिटायर्ड डीएसपी जीपी शाक्य के भाई पहाड़ सिंह पेशे से किसान हैं। बड़ा बेटा बेटा राजू शाक्य सिंगरौली पावर प्लांट में सुपरवाइजर है। मंगलवार को एसपी ऑफिस में शिकायत करते हुए उन्होंने बताया, ‘वॉट्सएप कॉल करने वाले की डीपी पर किसी पुलिस अधिकारी की फोटो लगी थी। उसने कहा कि 80 हजार रुपए बैंक खाते में डाल दो, बेटे को यहीं से छोड़ देंगे।’
पहाड़ सिंह के मुताबिक, ‘क्रिमिनल्स ने किसी को बेटा बताकर बात कराई। वह रोते हुए कह रहा था कि पापा मुझे बचा लो। 80 हजार रुपए उनके बताए बैंक खाते में डालने के बाद दोबारा कॉल आया। इस बार एफआईआर से नाम हटाने का कहकर 3 लाख रुपए और मांगे गए। शक हुआ तो बेटे को कॉल लगाया। वह बोला- मैं बिल्कुल ठीक हूं।’
ठगी का पता चलने पर पहाड़ सिंह के छोटे बेटे अमन ने कॉल करने वाले के नंबर पर फोन लगाया। ठग ने कहा, ‘जब आपके पास कॉल आया था तो सबसे पहले अपने भाई को फोन कर पूछ लेते कि वह ठीक है या नहीं। सीधे मुंह उठाकर ट्रांजेक्शन कर दिया। ऐसे किसी को रुपए मत डाला करो।’
अमन ने रुपए लौटाने के लिए कहा तो ठग ने कहा कि पैसे वापस नहीं होंगे।
ठग ने जिस नंबर से वॉट्सएप कॉल किया, उसकी डीपी में किसी पुलिस अधिकारी की फोटो थी।
घर की पूरी डिटेल तक बता दी
रिटायर्ड डीएसपी और उनके भाई का परिवार डबरा के पिछोर में रहता है। पहाड़ सिंह ने बताया कि उन्हें कॉल करने वाले ने उनके घर की पूरी डिटेल तक बता दी थी। बेटे की रोती हुई आवाज सुनकर वे घबरा गए थे। छोटे बेटे से 80 हजार रुपए ऑनलाइन पेमेंट कराए। ठीक 20 मिनट बाद फिर उसी नंबर से वॉट्सएप कॉल आया। ठग ने कहा कि अभी तो बेटे को छोड़ रहे हैं लेकिन वह जेल चला जाएगा। एफआईआर नहीं चाहते हैं तो 3 लाख रुपए और डाल दो। उसके तीन साथियों पर केस कर मामला सुलझा देंगे।
उन्होंने कहा, ‘छोटे बेटे ने जब बड़े बेटे को कॉल किया तो उसने बताया कि वह कंपनी में है। उसे पुलिस ने नहीं पकड़ा है।’
पुलिस खंगाल रही अकाउंट
पुलिस ने उस बैंक अकाउंट को खंगालना शुरू कर दिया है, जिसमें रुपए ट्रांसफर किए गए हैं। पुलिस वॉट्सएप कॉल करने वालों के सोशल मीडिया अकाउंट की भी पड़ताल कर रही है। पुलिस की साइबर सेल टीम ने जांच शुरू कर दी है। डबरा-पिछोर पुलिस भी जांच कर रही है। सीएसपी इंदरगंज अशोक सिंह जादौन का कहना है कि आरोपी जल्द ही पकड़े जाएंगे।