सागर में डॉक्टर ने पत्नी से छुटकारा पाने के लिए पहले उसकी हत्या की साजिश रची। उसमें 2-2 लाख रुपए का लालच देकर अपने दो किरायेदारों को शामिल किया।
फिर पत्नी को कार में जलाकर साथियों के साथ खड़ा होकर तमाशा देखता रहा। बाद में वारदात को हादसा साबित करने की कोशिश की गई।पुलिस ने मामले का पर्दाफाश करते हुए मुख्य आरोपी डॉ. नीलेश और उसके दो सहयोगियों रामकृष्ण और शुभम को गिरफ्तार कर लिया है।
पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी डॉ. नीलेश कुर्मी और सह-आरोपी रामकृष्ण व शुभम कुर्मी के बीच पुरानी जान-पहचान थी। रामकृष्ण और शुभम गढ़ाकोटा में पैथोलॉजी लैब चलाते थे और डॉक्टर की क्लिनिक से सैंपल लाते थे।
जिस मकान में आरोपी डॉक्टर रहता था। उसी में दोनों सह-आरोपी किराए से रहते थे। इसी का फायदा उठाकर डॉक्टर ने पत्नी को ठिकाने लगाने के लिए दोनों को साजिश में शामिल किया। पैसों के लालच में दोनों ने शुरुआत से ही वारदात को छिपाने की कोशिश की।

ससुराल वालों को फोन पर दी कार में आग लगने की झूठी जानकारी
वारदात में आरोपी डॉ. पति नीलेश ने घर में हुए विवाद के बाद मारपीट कर पत्नी सीमा का गला दबाया था, जिससे वह अचेत हो गई थी। पुलिस से बचने के लिए उसने हत्या को हादसा बनाने की साजिश रची और अचेत सीमा को कार में बैठाकर साथियों के साथ सागर की ओर निकल गया।
आरोपी ने पेट्रोल डालकर कार में आग लगा दी। कार के अंदर मौजूद पत्नी सीमा आग के बीच जलती रही और आरोपी पति साथियों के साथ सड़क किनारे खड़ा होकर देखता रहा। इसी दौरान उसने ससुराल वालों को फोन लगाकर कार में आग लगने की झूठी सूचना भी दी।

सख्ती से टूटे सह-आरोपी, झाड़ियों में मिला कंटेनर और माचिस
शुरुआती पूछताछ में रामकृष्ण और शुभम ने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन सख्ती बरतने पर उन्होंने पूरी कहानी उगल दी। घटना के वक्त कार में मौजूद होने के बावजूद उन्होंने सीमा को बचाने की कोशिश नहीं की थी और न ही पुलिस को सूचना दी थी।
पुलिस ने वारदात स्थल के पास झाड़ियों में छिपाई गई वह प्लास्टिक का कंटेनर भी जब्त कर लिया है, जिसमें आरोपी डॉक्टर पेट्रोल लेकर आया था। इसके साथ ही आग लगाने में इस्तेमाल की गई माचिस भी बरामद कर ली गई है और एफएसएल व मेडिकल साक्ष्य जुटाए गए हैं।
जिंदा जलाई गई या पहले हुई मौत, पीएम रिपोर्ट से होगा खुलासा
पुलिस ने जांच करते हुए पत्नी को कार में जलाने की वारदात का खुलासा तो कर दिया है, लेकिन सीमा की मौत का असल कारण अब भी रहस्य बना हुआ है।
सीमा को कार में जिंदा जलाया गया या फिर गला दबाने से उसकी मौत हो चुकी थी, यह अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। मौत के सही कारण का खुलासा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही होगा।

एएसपी बोले- संगठित रूप से की गई हत्या
मामले में एडिशनल एसपी लोकेश सिंहा ने बताया- “कार में महिला को जलाने के मामले में आरोपी डॉ. पति नीलेश पिता भागवत कुर्मी निवासी ग्राम सिमरिया गढ़ाकोटा, रामकृष्ण पिता हरगोविंद कुर्मी उम्र 25 वर्ष निवासी ग्राम कुमेरिया भटोली और शुभम पिता गोपाल कुर्मी उम्र 23 वर्ष निवासी ग्राम सिंगपुर कला हाल निवास बजरंग वार्ड गढ़ाकोटा को गिरफ्तार किया है।”
उन्होंने आगे कहा, “आरोपियों ने संगठित रूप से हत्या की वारदात को अंजाम दिया था। वारदात से जुड़े साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पीएम रिपोर्ट अभी प्राप्त नहीं हुई है।”
21 मार्च को चनाटोरिया के पास जली थी कार
बता दें कि 21 मार्च की सुबह करीब 4 बजे सानौधा थाना क्षेत्र के सागर-गढ़ाकोटा रोड पर चनाटोरिया के पास कार में आग लग गई थी। इसमें सीमा की जलने से मौत हो गई थी, जबकि उसका पति और दोनों युवक बिना किसी खरोंच के सुरक्षित बाहर निकल आए थे।
शुरुआती जांच में ही कार में आग लगने की घटना संदेहास्पद लगी। संदेह के आधार पर पुलिस ने जब जांच आगे बढ़ाई तो यह मामला जानबूझकर आग लगाने का निकला, जिसके बाद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
