
उज्जैन नगर निगम के महापौर मुकेश टटवाल का एक फोटो शनिवार को सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। फोटो में वे महाकाल के मंदिर के गर्भ गृह में जलाधारी के पास अजीब पोज में बैठे नजर आ रहे हैं। कांग्रेस ने इस फोटो को लेकर आपत्ति जताई है। कहा है ये आस्था के प्रति अशोभनीय व्यवहार है। पहले फर्जी तरीके से चुनाव जीते, अब आस्था के प्रति फर्जीवाड़ा किया जा रहा है। महाकाल मंदिर के गर्भ गृह में यूं अभद्र तरीके से पसर कर बैठना ठीक नहीं। कोई ऐसा न करे इस बात का ख्याल मंदिर प्रशासक और पुजारियों को भी रखना चाहिए। फोटो में एक पुजारी भी दिख रहे, जिन्होंने महापौर को ऐसा करने से नहीं रोका।
महाकाल मंदिर प्रबंध समिति के अध्यक्ष कलेक्टर आशीष सिंह हैं। अब देखना है कि वे इस मामले में क्या कार्रवाई करेंगे। इस पूरे मामले में महापौर ने मामले में कहा है कि फोटो शुक्रवार दोपहर का है। पंडित रमन त्रिवेदी के अनुरोध पर मैने फोटो क्लिक कराया था। मैं महाकाल का भक्त हूं। मुझे क्या उनकी गोद में बैठने का अधिकार नहीं। उनके चरणों में आनंद से बैठ गया तो क्या बुरा हुआ। मैं मुकेश ‘टटवाल’ हूं, शायद विरोधियों को अखर रहा है। अगर विरोधियों को लगता है कि मुकेश टटवाल को गर्भ गृह में नहीं बैठना चाहिए तो मैं क्षमा चाहता हूं।
कांग्रेस नेता अरुण यादव ने महापौर मुकेश टटवाल के फोटो को ट्वीट कर लिखा है- तुम्हारी हैसियत नहीं कि राजाओं के राजा महाकाल के दरबार में इस तरह से बैठो। फरेब से पाई उज्जैन महापौर की कुर्सी का इतना अभिमान। बाबा का रौद्र रूप तुम्हारे इस अहंकार को मिट्टी में मिला देगा महापौर जी…।
केके मिश्रा ने ट्विटर पर लिखा:-कांग्रेस के केके मिश्रा ने ट्विटर पर लिखा की फर्जी तरीके से चुनाव जीते, अब आस्था के प्रति भी फर्जीवाड़ा और अशोभनीय व्यवहार उजागर। यह एक धर्म के ठेकेदारों का वास्तविक चरित्र है। बाबा महाकालेश्वर के समक्ष आदर की बजाय आराम की मुद्रा में उज्जैन महापौर मुकेश टटवाल।