हमारे देश में जितने भी सांसद हैं, उनमें सबसे सीधे और सबसे जोरदार सांसद शंकर लालवानी है। आपने मुझे कई बार गीत गाते हुए सुना है, देखा है लेकिन पूर्व विधायक जीतू जिराती को देखा कि नहीं? वे चलते-फिरते इनसाइक्लोपीडिया है। इन्हें 5-10 हजार गाने याद हैं। अभी हमें पूर्व विधायक संजय शुक्ला शुद्ध घी से बना भोजन खिलाएंगे।
ये बातें मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने शनिवार को रेवती रेंज में आयोजित ‘एक बगिया मां के नाम’ कार्यक्रम में कही। उन्होंने अपने भाषण में अपने साथी मंत्रियों, विधायकों की खूब तारीफ कर लोगों को हंसाया। उन्होंने केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र सिंह को इन सभी नेताओं की खूबियों को मजेदार अंदाज में अवगत कराया।
विधानसभा-4 को लेकर कहा यहां अभी कोई नहीं
मंत्री विजयवर्गीय ने सबसे पहले विधानसभा 1 के विधायक को लेकर लोगों से पूछा कि विधानसभा 1 के विधायक कौन है, जरा बताना… फिर इधर-उधर देखा तो लोगों ने कहा कि आप भूल गए क्या? आप ही तो है। इस पर हंसते हुए खुद के सिर पर हाथ रखा और कहा कि अरे यह तो मैं खुद ही भूल गया। मैं खुद ही एक नंबर का विधायक हूं। फिर कहा कि क्षेत्र क्रमांक 2 के विधायक कौन है, लोगों ने कहा दादा दयालु (रमेश मेंदोला) फिर विधानसभा 3 से सनानती गोलू शुक्ला है। विधानसभा 4 को लेकर कहा कि अभी कार्यक्रम में नहीं है।
विजयवर्गीय ने आगे कहा कि विधानसभा 5 के विधायक अनुमति लेकर गए हैं। राऊ के मधु वर्मा है। यहां के (रेवती रेंज क्षेत्र के) विधायक (मंत्री तुलसी सिलावट) तो सभी की इतनी तारीफ करते हैं कि वे क्या बोलना है वे ही भूल जाते हैं। वे सभी की तारीफ में आधा समय निकाल देते हैं। दरअसल मंत्री विजयवर्गीय के संबोधन के पूर्व मंत्री सिलावट ने सभी नेताओं की तारीफों में काफी समय ले लिया था। बहरहाल मंत्री विजयवर्गीय ने फिर पूर्व विधायक संजय शुक्ला को देखकर कहा कि अभी ये हमें शुद्ध घी में भोजन कराएंगे। दरअसल यहां भोजन का एक बड़ा आयोजन शुक्ला ही करवा रहे थे।

इनके आगे तो अफ्रीका का रंग भी फीका पड़ जाए
रेवती रेंज में 12.40 लाख पौधों की लगातार मॉनिटरिंग और कार्यक्रम के प्रभारी (एमआईसी सदस्य) राजेंद्र राठौर को लेकर विजयवर्गीय ने कहा ये तो पेड़ों की रक्षा करते-करते ऐसे हो गए हैं कि इन्हें देखकर ऐसा लगता है जैसे अफ्रीका से आ गए हैं। इनके आगे तो अफ्रीका का रंग भी फीका पड़ जाए। दरअसल राठौर के चेहरा एक साल से काफी खिला हुआ है जबकि पहले गेहुआ रंग था। मंत्री विजयवर्गीय का मानना है राठौर अधिकांश समय रेवती रेंज में पेड़ों की रक्षा और मॉनिटरिंग में देते हैं। यहां तापमान कम होने और अच्छा पर्यावरण होने से उनका रूप निखर गया है।
पर्वत की, हिमालय की बात हो तो बिना शंकर के पूरी नहीं हो सकती
इसके पूर्व मंत्री तुलसी सिलावट ने भी सभी नेताओं के खूब तारीफों के पुल बांधे। उन्होंने कहा कि जब पर्वत की, हिमालय की बात हो तो बिना शंकर के पूरी हो सकती है क्या? उनके लिए एक बार नहीं दो बार तालियां बजाइए, वे दो बार के सांसद है। उन्होंने कहा कि जो कोई काम नहीं कर सकता वह सिर्फ विधानसभा दो के विधायक रमेश मेंदोला ही कर सकते हैं, उनके सम्मान में भी मंत्री सिलावट ने खूब तालियां बजवाई। विधायक मधु वर्मा को लेकर कहा कि सारी विधानसभा में किसी भी प्रकार की चुनौती हो उसके लिए मधु वर्माजी हैं ही। धर्म और संस्कृति के विधायक गोलू शुक्ला के लिए क्यों चुप रहे, उनके लिए ज्यादा तालियां होनी चाहिए। ओजस्वी भाषण का नाम ही सुमित मिश्रा है। श्रवण चावड़ा को लेकर कहा किनके विधान में श्रवण हो, करुणा अपने आप आ जाती है, उनके लिए खूब ताली बजाएं।
कुंआरे विधायक की विधानसभा में करवा चौथ क्यों नहीं होती, नगर अध्यक्ष ने बताया

इस मौके पर नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा ने अपने स्वागत भाषण में सबसे ज्यादा तारीफ विधायक रमेश मेंदोला को लेकर ली। उन्होंने कहा कि इंदौर में सबसे बड़ा गरबा विधानसभा 2 (विधायक रमेश मेंदोला) के क्षेत्र में होता है। सबसे बड़ा गणेश उत्सव 2 नंबर में, प्रदेश की सभी विधानसभा में सबसे बड़ी जीत 2 नंबर में होती है।
उन्होंने कहा कि सबसे बड़ी और जोरदार गणेश चतुर्थी, एकादशी, ऋषि पंचमी, अखातीज, अष्टमी, शीतला सप्तमी, राम नवमी, दशहरा, डोल ग्यारस, धन तेरस, अनंत चतुदर्शी, अमावस, पूनम, दीपावली सहित सबसे बड़े तीज, त्यौहार विधानसभा 2 में ही होते हैं। फिर कहा कि विधानसभा 2 में सिर्फ एक त्योहार नहीं मनता और वह करवा चौथ का। इस पर लोग हंसे तो मिश्रा ने कहा कि दरअसल उनकी (मेंदोला की) विधानसभा के लोग ही उनके परिवार के लोग हैं। वे ही सुख-दुख के साथी हैं। फिर कहा कि ऐसे विधायक रमेश मेंदोला का हम दिल से जोरदार स्वागत करते हैं। मिश्रा ने इसके साथ ही अन्य जनप्रतिनिधियों की भी खूब तारीफ की। कुल मिलाकर इस बार के पौधरोपण कार्यक्रम में मंत्री विजयवर्गीय, मंत्री सिलावट और नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा के ओजस्वी, मजेदार और स्थानीय नेताओं की तारीफों के भाषण ने खूब गुदगुदाया।