कोलकाता में शनिवार को फिल्म ‘द बंगाल फाइल्स’ के ट्रेलर लॉन्च के दौरान हंगामा हो गया। कार्यक्रम एक निजी होटल में रखा गया था।
विवेक ने कहा,
अगर यह तानाशाही या फासीवाद नहीं है तो और क्या है? राज्य में कानून-व्यवस्था फेल हो चुकी है। इसी वजह से लोग द बंगाल फाइल्स को सपोर्ट कर रहे हैं।
‘द बंगाल फाइल्स’ के ट्रेलर लॉन्च इवेंट होने से पहलेकोलकाता में हंगामा हो गया।
विवेक ने आगे कहा,
अभी मुझे पता चला है कि कुछ लोग यहां आए और सभी तार काट दिए। मुझे नहीं पता किसके आदेश पर यह हो रहा है। आप जानते हैं हमारे पीछे कौन लोग हैं। सभी टेस्ट और ट्रायल के बाद यह कार्यक्रम हो रहा था। होटल मैनेजर्स भी हमें नहीं बता पा रहे कि हमें क्यों रोका गया।
विवेक अग्निहोत्री की पत्नी पल्लवी ने कहा,
मुझे बिल्कुल अच्छा नहीं लगा कि मेरी फिल्म को रोका गया। क्या इस राज्य में अभिव्यक्ति की आजादी नहीं है? हम फिल्ममेकर और एक्टर होकर भी अपनी बनाई चीजें नहीं दिखा पा रहे। आखिर उन्हें किस बात का डर है?
पल्लवी ने आगे कहा,
ऐसी स्थिति तो कश्मीर में भी नहीं हुई। क्या यह मानें कि कश्मीर की हालत बंगाल से बेहतर है? आज बंगाल में क्या हो रहा है, यह सबको देखना चाहिए। यही वजह है कि द बंगाल फाइल्स जैसी फिल्में जरूरी हैं। मैं चाहती हूं कि भारत का हर इंसान यह फिल्म देखे और बंगाल की सच्चाई जाने। राज्य की जिम्मेदारी है कि कलाकारों को सम्मान दिया जाए।
विवेक अग्निहोत्री की फिल्म ‘द बंगाल फाइल्स’ रिलीज से पहले ही काफी विवादों में है। आज द बंगाल फाइल्स’ का ट्रेलर लॉन्च हुआ। ट्रेलर डायरेक्ट एक्शन डे (16 अगस्त) के दिन आया।
ट्रेलर की शुरुआत एक डायलॉग से होती है- “यह पश्चिम बंगाल है, यहां दो संविधान चलते हैं… एक हिंदुओं का और एक मुसलमानों का।”


इसके बाद एक किरदार कहता है- “यह सिर्फ जमीन का टुकड़ा नहीं, बल्कि भारत का लाइट हाउस है- बंगाल।”
‘द बंगाल फाइल्स’ की डायरेक्शन विवेक ने किया है। जबकि इसके निर्माता अभिषेक अग्रवाल, पल्लवी जोशी और विवेक रंजन अग्निहोत्री हैं। इसमें मिथुन चक्रवर्ती, पल्लवी जोशी, अनुपम खेर और दर्शन कुमार अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे।