
रिश्तेदारों की फर्जी फेसबुक आईडी बनाकर अश्लील फोटो मोर्फिंग करने वाला वेब डिजाइनर गिरफ्तार*
1.*राज्य साइबर पुलिस ग्वालियर की टीम ने आरोपी को पकड़ा रेलवे स्टेशन से
2.राज्य साइबर पुलिस द्वारा तीसरा VPN के माध्यम किया केस सोल्व |
आरोपी लगभग एक साल से था फरार दिल्ली, नॉएडा ,फरीदाबाद में काटी
फरारी |
3.आरोपी टेक्निकल रूप से है दक्ष आई टी की है विशेष जानकारी |
4.आईपी बदल कर बनाता था फर्जी आईडी जिससे पुलिस की पकड़ से रह सके दूर* |
5.नॉएडा की प्रतिष्ठित विश्व विध्यालय में वेव डिजाइनर |
6.आरोपी के कई ठिकानो पर पुलिस दे रही थी एक साल से दविश |
7.अश्लील चीजे हुई है आरोपी के फोन में बरामद |**
विशेष पुलिस महानिदेशक श्री राजेंद्र कुमार एवं अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री मिलिंद कानस्कर द्वारा अपराधों के तत्काल निराकरण हेतु हाल ही में दिए गए निर्देशों के पालन में की गई कारवाही में पुलिस अधीक्षक राज्य साइबर पुलिस ग्वालियर श्री सुधीर अग्रवाल ने बताया कि फरियादी तेजेंद्र लोधी द्वारा फेसबुक पर रिस्तेदारों के अश्लील फोटो अपलोड एवं भ्रामक जानकारी फ़ैलाने के सम्बन्ध में एक शिकायती आवेदन पत्र कार्यालय को दिया था जिसके उपरांत मामले को गंभीरता से लेते हुए मामले की जाँच हेतु निरीक्षक मुकेश नारोलिया के निर्देशन में एक टीम गठित की गई जिसके उपरांत टीम द्वारा कई प्रकरण के बारीकी से साक्ष्य एकत्रित किये जाँच में यह भी पाया गया कि उक्त फेसबुक आईडी बनाने में अलग अलग आईपी का इस्तेमाल किया गया था जिसमे टेक्निकल रूप से साक्ष्य एकत्रित किये गये तो पाया गया कि उक्त क्राइम नानक चन्द्र लोधी नोयडा उत्तर प्रदेश द्वारा किया गया जो कि ग्वालियर का ही रहने वाला है जिस पर अपराध क्रमांक 45/20 धारा 66सी , 66 डी , 67 आईटी एक्ट का दर्ज कर विवेचना में लिया गया विवेचना की अग्रिम कार्यवाही में टीम द्वारा आरोपी कई ठिकानो पर दविश दी गई परन्तु आरोपी अपने निवास स्थान से फरार होना पाया गया जिसके उपरांत जानकारी के आधार पर टीम द्वारा नोयडा , दिल्ली , फरीदाबाद में प्राप्त पतो पर दबिश दी गई परन्तु आरोपी अपने सभी स्थानों से फरार होना पाया गया प्रकरण में गिरफ़्तारी से बचने के लिए आरोपी लगभग 1 साल से फरार चल रहा था टीम को आरोपी की सूचना मिली कि आरोपी ग्वालियर से दिल्ली फरार होने की फ़िराक में है जिसके उपरांत आज दिनांक को टीम ने बताये गये ठिकाने पर दविश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया गया जो टीम की एक बहुत बड़ी उपलव्धि है
उक्त केस के निराकरण में निरीक्षक मुकेश कुमार नारोलिया , उनि मनीष ओझा , उनि शैलेन्द्र राठौर , कोशलेन्द्र शर्मा , प्रधान आर हरनारायण शर्मा , पवन शर्मा , आर. राधा रमन त्रिपाठी , पुष्पेन्द्र यादव , शुभाष आर्य , दीपक माहुने ,दिलीप पचौरी , आर चा मेघश्याम की अहम् भूमिका रही