मध्यप्रदेश में वाहन स्क्रैप कराने वाले व्यक्ति को आरटीओ टैक्स में 50 प्रतिशत छूट दी जाएगी। ये छूट बीएस-1 और बीएस-2 कैटेगरी के वाहनों को स्क्रैप कराने पर मिलेगी। स्क्रैप करने वाली संस्था को इंडस्ट्री का दर्जा दिया जाएगा। यह फैसला मंगलवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में लिया गया।
कैबिनेट ने नगरीय निकायों में अध्यक्ष का चुनाव प्रत्यक्ष प्रणाली से कराने के अध्यादेश को भी मंजूरी दे दी है। अब जनता सीधे अध्यक्ष चुन सकेगी।
नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बताया कि कि वाहन स्क्रैप कराने पर भारत सरकार ने भी सब्सिडी देने की बात कही है। पर्यावरण संरक्षण के लिए यह सरकार का बड़ा फैसला होगा। बीएस 5 गाड़ी आने लगी हैं। ऐसे में धीरे-धीरे बीएस 1, बीएस 2 और अन्य कैटेगरी के वाहनों को स्क्रैप किया जाएगा।
विजयवर्गीय ने बताया कि नगर पालिका अध्यक्ष के लिए अगला चुनाव प्रत्यक्ष प्रणाली से होगा। इसके लिए अभी दो साल का समय है। इसकी प्रक्रिया पूरी करने में समय लगना है, इसलिए अभी से इसका फैसला किया गया है। ऐसे में जो लोग नगर पालिका अध्यक्ष का चुनाव लड़ना चाहते हैं, वे अभी से सीधे चुनाव के लिए तैयारी कर सकेंगे।
बैठक शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री और कैबिनेट के सदस्यों ने वंदे मातरम का गान किया।
पीएम के जन्मदिन पर स्वस्थ नारी-सशक्त परिवार थीम पर कार्यक्रम विजयवर्गीय ने बताया कि कैबिनेट बैठक के पहले मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 सितंबर को धार जिले के बदनावर में पीएम मित्र पार्क का उद्घाटन करेंगे। इस अवसर पर स्वस्थ नारी -सशक्त परिवार, स्वदेशी, एक पेड़ मां के नाम, एक बगिया मां के नाम, जनमन योजना, धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान और मिशन कर्मयोगी की थीम पर कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
बीएस वन क्या होता है? भारत में बीएस-1 नियमन के तहत अधिकतम 2.72 ग्राम प्रति किमी कार्बन उत्सर्जन और 0.14 ग्राम सांस लेने लायक सस्पेंडेड पार्टिकल्स उत्सर्जन की अनुमति थी। इसके अलावा नाइट्रोजन ऑक्साइड और हाइड्रोकार्बन उत्सर्जन की सीमा 0.97 ग्राम प्रति किमी थी। बीएस वन के अंतर्गत कार बनाने वाली कंपनियों को सेकंडरी एयर इंजेक्शन सिस्टम, एग्जिट गैस पुनः परिसंचरण सिस्टम, कार्बोरेटरों को पुनः ट्यून करना पड़ा और सिस्टम में ट्राई मेटल परत जोड़नी पड़ी।
बीएस 2 के बारे में जानिए भारत स्टेज-2 के अंतर्गत ईंधनों में अधिकतम सल्फर मात्रा 500 पीपीएम तक सीमित थी। कार्बन मोनोऑक्साइड उत्सर्जन 2.2 ग्राम प्रति किमी था। सांस लेने के लिए उचित सस्पेंडेड पार्टिकल्स उत्सर्जन 0.08 था। नाइट्रोजन ऑक्साइड और हाइड्रोकार्बन के लिए अधिकतम उत्सर्जन सीमा 0.05 ग्राम प्रति किमी थी। इसके बाद कार्बोरेटर के स्थान पर कार निर्माताओं को ऑटोमोबाइल को मल्टी-पॉइंट ईंधन इंजेक्शन प्रणाली से मजबूत करना पड़ा।
कैबिनेट में इन पर भी चर्चा
अस्वच्छ क्षेत्रों को चिन्हित कर स्वच्छ बनाएंगे बैठक के पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक स्वच्छता ही सेवा की थीम पर सेवा पखवाड़ा मनाया जाएगा। शहरी और ग्रामीण इलाकों में अस्वच्छ क्षेत्रों का चिन्हांकन कर उन्हें स्वच्छ बनाने बनाएंगे। पखवाड़े के अंतर्गत सफाई मित्र सुरक्षा शिविर भी आयोजित किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन गतिविधियों में स्वयंसेवी संस्थाओं, सामाजिक संस्थाओं, धार्मिक संगठनों को भी सहभागी बनाया जाए। मंत्री, प्रशासनिक अधिकारियों और राजनीतिक पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं का सहयोग लेते हुए अपने-अपने क्षेत्रों में स्वच्छता- सेवा गतिविधियों का अधिक से अधिक विस्तार करें।
अभियान के दौरान क्या-क्या होगाअभियान की थीम ‘स्वच्छोत्सव’ है। इसका केंद्रीय विषय ‘स्वच्छता ही सेवा पखवाड़ा’ है, इसलिए अभियान के दौरान रक्तदान शिविर लगाने सहित स्वच्छता से जुड़े कार्यक्रम होंगे।अभियान में जनता से जुड़े 7 प्रमुख विभागों की जिम्मेदारी है। सेवा पर्व को जन-जन का अभियान मनाएंगे। स्वास्थ्य शिविर लगेंगे।एक पेड़ मां के नाम और मां की बगिया के अंतर्गत पौधरोपण किया जाएगा। नए नमो पार्क, नमो बाग, नमो वन, नमो उपवन बनाए जाएंगे।27 सितंबर को नमो मैराथन होगी। विकास मेले और प्रदर्शनी के अलावा विद्यार्थियों की प्रतियोगिता भी आयोजित की जाएगी।भारत सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय के निर्देशानुसार 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक पूरे देश में आदि कर्मयोगी अभियान चलाया जाएगा।आदि सेवा पर्व भी मनाया जाएगा। आदि सेवा पर्व के दौरान सभी जनजातीय बहुल गांव के लोग अपनी-अपनी ग्राम पंचायत में गांव के विकास के बारे में चर्चा-परिचर्चा करेंगे।