स्कॉटलैंड में भिंड के किसान परिवार के 21 साल के बेटे संस्कार श्रीवास्तव की मौत हो गई। वह यूनिवर्सिटी ऑफ स्टर्लिंग में एमएससी (फॉरेंसिक साइंस) की पढ़ाई कर रहा था
छात्र संस्कार श्रीवास्तव की स्कॉटलैंड में मौत हो गई।
स्कॉटलैंड पुलिस ने भारतीय दूतावास को बताया गया है कि संस्कार ने सुसाइड किया है, लेकिन परिवार मानने को तैयार नहीं है। परिजनों का कहना है कि छात्र टॉप कर रहा था। पार्ट टाइम जॉब से लगभग एक लाख रुपए कमा रहा था तो वह यह कदम क्यों उठाएगा?
मां नीलम का कहना है- आखिरी वीडियो कॉल में संस्कार ने कहा था कि वह जल्द घर आएगा, लेकिन मुझे नहीं पता था कि वह कभी नहीं आएगा। मेरा बेटा आत्महत्या नहीं कर सकता। वहां उसकी हत्या की गई है।

माता-पिता ने कहा- स्कॉटलैंड में बेटे के साथ कोई अनहोनी हुई है।
40 लाख रुपए का कर्ज लेकर पढ़ने भेजा था
मूल रूप से भिंड के मौ कस्बा निवासी किसान कुलदीप श्रीवास्तव ने बताया कि संस्कार हमारा इकलौते बेटा था। उसे 40 लाख रुपए कर्ज लेकर वहां पढ़ने के लिए भेजा था, लेकिन 7 मार्च को पता चला कि उसकी मौत हो गई। इस खबर ने पूरे परिवार को तोड़ दिया है।
उसकी मां को 10-12 दिन बाद इसकी जानकारी दी। लगभग 19 से 20 दिन बीत गए। हमारी आंखें पथरा गईं, लेकिन उसका पार्थिव शरीर अब तक नहीं आया।
मामला संदिग्ध, दोबारा पोस्टमॉर्टम की मांग
पिता कुलदीप आंखों के रोग के कारण कम देख पाते हैं। उन्होंने ग्वालियर कलेक्टर रुचिका चौहान और भारत सरकार से गुहार लगाई है कि बेटे का शव जल्द से जल्द भारत लाया जाए। जानकारी के मुताबिक, संस्कार का शव 27 मार्च को दिल्ली एयरपोर्ट पहुंच सकता है।
परिजन की मांग है कि ग्वालियर के जेएएच (जयारोग्य अस्पताल) में उसका फिर से पोस्टमॉर्टम कराया जाए, ताकि मौत की असली वजह सामने आ सके। पूरे परिवार को यकीन है कि संस्कार सुसाइड जैसा आत्मघाती कदम नहीं उठा सकता है।
परिजनों के 5 बड़े सवाल?
संस्कार की मां नीलम और चाचा अनूप श्रीवास्तव ने पुलिस और प्रशासन के सामने कुछ सवाल रखे हैं।
- संदेहास्पद ट्रांजैक्शनः संस्कार के बैंक अकाउंट से करीब 2.50 लाख रुपए किसी दूसरे खाते में ट्रांसफर हुए हैं।
- दोस्तों की चुप्पीः जिन 3 दोस्तों के नंबर संस्कार ने घर पर दिए, वे कोई जवाब नहीं दे रहे हैं।
- हॉस्टल का खुला गेटाः यूनिवर्सिटी प्रशासन का कहना है कि उसने सुसाइड किया, लेकिन उसके रूम का गेट खुला मिला। सवाल है कि वह गेट खुला छोड़कर बाहर क्यों जाएगा?
- यूनिवर्सिटी का रिकॉर्डः 13 महीनों में इस यूनिवर्सिटी में यह तीसरी संदिग्ध हालात में मौत है। इससे पहले 2025 में मेलिसा यंग और 2025 में रूबेन एगाडो भी मृत मिले थे। छात्रा यूएक्सिन काओ अब भी लापता हैं।
- मोबाइल डेटाः संस्कार के मोबाइल का डेटा गायब है। उसके मोबाइल रिकॉर्ड से बहुत कुछ मिल सकता है।

आखिरी वीडियो कॉल… अगले साल घर आऊंगा मां
पिता कुलदीप ने रुंधी आवाज में बताया, 5 मार्च (होली) की रात संस्कार ने पूरे परिवार से करीब 2 घंटे वीडियो कॉल पर बात की थी। वह खुश था। उसने मां नीलम से वादा किया कि पढ़ाई पूरी कर अगले साल वह घर लौटेगा। दो दिन तक जब उसका फोन नहीं आया तो हमें चिंता हुई, क्योंकि वह अपनी मां से रोज बात करता था।
पिता के मुताबिक, हमने यह बात जर्मनी में रहने वाले रिश्तेदार गौरव को बताई। उन्होंने स्कॉटलैंड यूनिवर्सिटी से संपर्क किया। पहले जवाब आया संस्कार से बात कराते हैं। इसके बाद पुलिस ने कॉल कर पूछा- आप संस्कार के कौन हैं? उन्होंने कहा कि चाचा लगते हैं। इसके बाद पुलिस ने बताया, संस्कार ने सुसाइड कर लिया है। फिर माता-पिता का फोन नंबर लिया।
7 मार्च को यूनिवर्सिटी और भारतीय दूतावास से फोन आया कि संस्कार ने कॉलेज परिसर के पीछे सुसाइड कर लिया है।
चाचा ने कहा- पढ़ने में तेज था संस्कार
चाचा अनूप ने कहा कि संस्कार न केवल पढ़ाई में तेज था, बल्कि जिम्मेदार भी था। ग्वालियर के एमएलबी कॉलेज से ग्रेजुएशन करने के बाद वह पीजी करने के लिए स्कॉटलैंड गया था। वहां वह पढ़ाई के साथ पार्ट-टाइम जॉब भी कर रहा था। उसे महीने के करीब 90 हजार से एक लाख रुपए मिलते थे।
वह कहता था- मैं कमाने लगा हूं। घर में पैसे की जरूरत हो तो भेज दूंगा। हमने उससे कहा- बेटा पढ़ाई पर ध्यान दो। यहां कोई दिक्कत नहीं है।

उज्जैन के छात्र की कनाडा में हो चुकी हत्या
बता दें इससे पहले उज्जैन के एक छात्र की कनाडा में कॉलेज के छात्रों ने हत्या कर दी गई थी। 10-12 युवकों ने पहले छात्र की पिटाई की, फिर उस पर गाड़ी चढ़ा दी। छात्र को गंभीर चोटें आई थीं। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसने दम तोड़ दिया। वारदात 14 मार्च को फोर्ट सेंट जॉन शहर में हुई।
जानकारी के मुताबिक मृतक की पहचान गुरकीरत सिंह मनोचा के रूप में हुई है, जो देवास रोड स्थित पार्श्वनाथ सिटी के निवासी थे। वे कनाडा के नॉर्दर्न लाइट्स कॉलेज में बिजनेस मैनेजमेंट के पोस्ट डिग्री डिप्लोमा प्रोग्राम की पढ़ाई कर रहे थे। CM मोहन यादव ने दुख जताते हुए परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।