अब कोरोना से होगी असली जंग: आज से देशभर में कोविशील्ड की डिलीवरी शुरू, दिल्ली पहुंची वैक्सीन की पहली खेप

पुणे के सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया में बनने वाली कोरोना वैक्सीन कोविशील्ड की पहली खेप पुणे हवाई अड्डे से रवाना होकर दिल्ली हवाई अड्डे पर पहुंच गई है। पुणे जोन-5 की डीसीपी नम्रता पाटिल ने बताया कि पर्याप्त सुरक्षा इंतजामों के बीच पहली खेप रवाना की गई है।

देश के विभिन्न स्थानों पर पहुंचाई जाएंगी कोरोना वैक्सीन
केंद्रीय विमानन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा, ‘आज एयर इंडिया, स्पाइसजेट और इंडिगो एयरलाइंस 56.5 लाख खुराक के साथ पुणे से दिल्ली, चेन्नई, कोलकाता, गुवाहाटी, शिलॉन्ग, अहमदाबाद, हैदराबाद, विजयवाड़ा, भुवनेश्वर, पटना, बंगलूरू, लखनऊ और चंडीगढ़ के लिए 9 उड़ानें संचालित करेंगे।’

वैक्सीन की पहली खेप लेकर दिल्ली पहुंचा स्पाइसजेट का विमान
स्पाइसजेट के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक अजय सिंह ने कहा, ‘स्पाइसजेट ने आज भारत में कोविड वैक्सीन की पहली खेप पहुंचाई है। ‘कोविशील्ड’ की पहली खेप में 1088 किलोग्राम वजन की 34 पेटियां थीं जिन्हें पुणे से दिल्ली लाया गया है।’

पहली खेप को कड़ी सुरक्षा के बीच रवाना किया गया। तीन ट्रकों में कोविशील्ड वैक्सीन की खेप को पुणे इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचाया गया। एयरपोर्ट से इन्हें देश के विभिन्न हिस्सों में पहुंचाया जाएगा। देश में वैक्सीन लगाने का काम शनिवार 16 जनवरी से शुरू होगा।

पहला विमान पहुंचा दिल्ली
दवाई की खेप को पहुंचाने का जिम्मा लेने वाली कंपनी एसबी लॉजिस्टिक के एमडी संदीप भोसले ने कहा कि आज पुणे एयरपोर्ट से आठ विमानों द्वारा कोरोना वैक्सीन को देश में 13 स्थानों पर भेजा जाएगा। पहला विमान पुणे हवाई अड्डे से दिल्ली पहुंच चुका है।

बता दें कि कि सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया में तैयार ‘कोविशील्ड’ वैक्सीन की एयरलिफ्ट में देरी हुई है। वैक्सीन की पहली खेप गुरुवार रात को एयरलिफ्ट की जानी थी। कोरोना वैक्सीन के मैन्युफैक्चरर सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया केंद्र सरकार की तरफ से आधिकारिक आदेश मिलने का इंतजार कर रही थी।

सरकार से किसी तरह का मोलभाव नहीं
सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया ने दाम को लेकर केंद्र सरकार के साथ किसी तरह के समझौते की वजह से ट्रांसपॉर्ट की प्रक्रिया में देरी की अफवाहों को खारिज किया था। सीरम इंस्टिट्यूट के सीईओ अदार पूनावाला ने कहा था कि यहां दाम को लेकर किसी तरह का समझौता या मोलभाव नहीं है। वैक्सीन की डोज के ट्रांसपॉर्ट से पहले कुछ प्रक्रियाओं का पालन किया जाना जरूरी था।

पूनावाला ने बताया था कि सरकार को कोविशील्ड की पहली 10 करोड़ डोज करीब 200 रुपये प्रति डोज के हिसाब से दी जाएगी। मार्केट में यह एक हजार रुपये प्रति डोज के हिसाब से उपलब्ध रहेंगी। पूनावाला ने बताया कि उनकी कंपनी हर महीने पांच से छह करोड़ वैक्सीन की डोज तैयार कर रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *