इंदौर में 11 अक्टूबर को होने वाले भारत-वेस्टइंडीज T20 मुकाबले को लेकर होलकर स्टेडियम में तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार क्रिकेट फैंस को स्टेडियम का रॉयल लुक नजर आएगा। एंट्री गेट को किले की थीम पर तैयार किया जा रहा है। गेट के डिजाइन और रंग-रूप को अंतिम रूप देने का काम तेजी से चल रहा है।

होल्कर स्टेडियम में राॅयल गेट तैयार किया जा रहा है।
किले की थीम पर एंट्री गेट
स्टेडियम के एंट्री गेट को किले की थीम के अनुसार तैयार किया जा रहा है। इसे किले जैसा रंग-रूप और डिजाइन दिया जा रहा है।

सालों बाद एंट्री गेट में बदलाव देखने को मिलेगा।
अंदर भी मरम्मत और व्यवस्थाओं का काम
एंट्री गेट के साथ स्टेडियम के अंदर भी मरम्मत और व्यवस्थाओं से जुड़े काम शुरू हो गए हैं। अलग-अलग हिस्सों में जरूरी सुधार किए जा रहे हैं। VIP दर्शकों के बैठने के लिए विशेष मंच तैयार किया जा रहा है। मैच से पहले अन्य व्यवस्थाओं को भी अंतिम रूप दिया जाएगा।
2 घंटे 20 मिनट में टिकट SOLD OUT
भारत-वेस्टइंडीज मुकाबले को लेकर फैंस में उत्साह है। शुक्रवार को ऑनलाइन टिकट बिक्री शुरू होने के बाद महज 2 घंटे 20 मिनट में सामान्य टिकट SOLD OUT हो गए।
सुबह 6 बजे बिक्री शुरू हुई थी। सबसे पहले ईस्ट गैलरी की टिकटें फुल हुईं। इसके बाद वेस्ट गैलरी और पवेलियन की टिकटें भी तेजी से बिक गईं।

होलकर स्टेडियम का इतिहास
स्टेडियम के लिए जमीन होलकर राजवंश ने दी थी। राजवंश ने क्रिकेट को प्रोत्साहित किया और होलकर क्रिकेट टीम रणजी ट्रॉफी में खेलती थी। टीम ने 10 रणजी ट्रॉफी सीजन में हिस्सा लिया और 8 बार फाइनल में पहुंची। इनमें 4 बार टीम चैंपियन बनी।
मैदान के कुछ हिस्सों में पहले एक पुराना स्टेडियम था। होलकर क्रिकेट टीम ने इसी स्टेडियम में 3 रणजी ट्रॉफी जीते थे। यहां सीके नायडू और मुश्ताक अली जैसे खिलाड़ी भी खेल चुके हैं।

दिग्गज क्रिकेटरों के नाम पर हिस्से
2011 में स्टेडियम के पवेलियन, ड्रेसिंग रूम और स्टैंड के नामकरण के लिए समिति बनाई गई थी। कमेटी की सिफारिशों के आधार पर नामकरण किया गया। ग्वालियर राज्य के महाराजा माधव राव सिंधिया के नाम पर प्रेस बॉक्स है। पवेलियन के नाम कर्नल सीके नायडू और कप्तान मुश्ताक अली के नाम पर हैं।
ड्रेसिंग रूम के नाम दिग्गज खिलाड़ी मंसूर अली खान पटौदी और राहुल द्रविड़ के नाम पर हैं। इसके अलावा स्टेडियम के गेट्स के नाम इंटरनेशनल क्रिकेटर नरेंद्र हिरवानी के नाम पर हैं। विजय हजारे, अजीत वाडेकर, सुनील गावस्कर, कपिल देव, सचिन तेंदुलकर और अनिल कुंबले के नाम पर स्टैंड हैं